ब्रेकिंग न्यूज़ | मिनीमाता बांगो जलाशय का गेट कभी भी खुल सकता है, 92.48% पहुंचा जलभराव

कोरबा, 14 अगस्त 2026। जिले में लगातार हो रही बारिश के बीच मिनीमाता बांगो जलाशय का जलस्तर तेजी से बढ़ रहा है। शुक्रवार रात 7:45 बजे जलाशय में जलभराव 92.48 प्रतिशत दर्ज किया गया। जलाशय में पानी की आवक लगातार बढ़ने के कारण किसी भी समय गेट खोलकर हसदेव नदी में पानी छोड़ा जा सकता है।

जल संसाधन विभाग ने इसे लेकर अलर्ट जारी करते हुए हसदेव नदी के किनारे और संभावित बाढ़ क्षेत्र में रहने वाले लोगों को सतर्क रहने की अपील की है।

बाढ़ क्षेत्र से सामान और परिसंपत्तियां हटाने के निर्देश

मिनीमाता हसदेव बांगो बांध संभाग क्रमांक-03 माचाडोली के कार्यपालन अभियंता एस.के. भारती ने सर्वसाधारण एवं संबंधित संस्थानों को सूचना जारी कर कहा है कि आवश्यकता पड़ने पर वर्षाकाल में मिनीमाता बांगो बांध से हसदेव नदी में कभी भी पानी प्रवाहित किया जा सकता है।

हसदेव नदी के किनारे तथा बाढ़ क्षेत्र में स्थापित चल-अचल संपत्तियों को तत्काल सुरक्षित स्थान पर ले जाने की सलाह दी गई है। बाढ़ क्षेत्र में आने वाली खनिज खदानों, ठेकेदारों, औद्योगिक इकाइयों और अन्य संस्थानों को भी अपनी परिसंपत्तियां बाढ़ क्षेत्र से बाहर करने के निर्देश दिए गए हैं।

विभाग ने स्पष्ट किया है कि अचानक बाढ़ आने से होने वाली किसी भी प्रकार की क्षति के लिए जल संसाधन विभाग उत्तरदायी नहीं होगा।

इन गांवों में विशेष सतर्कता

बाढ़ की संभावित स्थिति को देखते हुए बाढ़ क्षेत्र में आने वाले गांवों में चेतावनी की मुनादी कराने के निर्देश दिए गए हैं। संभावित प्रभावित क्षेत्रों में बांगो, चर्रा, पोड़ी उपरोड़ा, कोनकोना, लेपरा, टुनियाकछार, पाथा, गाड़ाघाट, छिनमेर, कछार, कलमीपारा, सिलीयारीपारा, जूनापारा, तिलाईडांड, डुगुपारा, टुंगुमांड़ा, छिर्रापारा, मछलीबाटा, कोरियाघाट, धनगांव, डोंगाघाट, नरमदा, औराकछार, सोनगुड़ा, जेलगांव, झाबू, नवागांव, तिलसाभाटा, लोतलोता, स्याहीमुड़ी, कोड़ा, हथमार, झोरा और सिरकीकला सहित अन्य गांव शामिल हैं।

जलाशय पर बढ़ता दबाव, प्रशासन अलर्ट

मिनीमाता बांगो जलाशय में 92.48 प्रतिशत जलभराव और लगातार बढ़ती पानी की आवक को देखते हुए स्थिति पर लगातार निगरानी रखी जा रही है। यदि जलाशय में पानी की आवक इसी तरह बढ़ती रही तो गेट खोलकर हसदेव नदी में पानी छोड़ा जा सकता है।

प्रशासन और जल संसाधन विभाग ने नदी किनारे रहने वाले ग्रामीणों तथा बाढ़ संभावित क्षेत्रों के लोगों से सतर्क रहने, नदी के किनारे नहीं जाने और विभागीय चेतावनी का पालन करने की अपील की है।

 

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *